5 MAY : दिल्ली पुलिस की पीसीआर ने घर में कैद बुजुर्ग महिला को सुरक्षित निकाला
दिल्ली पुलिस की PCR का अमला लगातार काबिले तारीफ कामों से अपनी छवि को निखारने की कोशिश में लगा है और भविष्य में PCR दिल्ली के नागरिकों लिए वरदान के रूप में दिखाई देगी
दिल्ली पुलिस का पीसीआर कर्मी सिपाही चिराग बुजुर्ग महिला के साथ
नई दिल्ली :आज से कुछ महीनों पहले चौतरफा सवालों की मार झेलती दिल्ली पुलिस की पीसीआर में जबसे फेरबदल हुआ है, इसके बाद से संतोषजनक परिणाम दिखाई देने लगे हैं । अब पीसीआर में तैनात पुलिसकर्मी मानवीय जज्बे के साथ राजधानी दिल्ली में नागरिकों की बढ़ चढ़ कर मदद कर रहे हैं
आज दिल्ली के साउथ वेस्ट जिले में तैनात दो पीसीआर कर्मियों ने घर में खुद कैद हो गई अधेड़ उम्र की महिला को बचा लिया. इलाके में तैनात पीसीआर जेबरा -35 अल्फा को सुबह 8:15 बजे सूचना मिली की गुरुद्वारा मुनीरिका के पास एक स्कूटी चोरी हो गई है. पीसीआर में हवलदार सतपाल और ड्राइवर सिपाही चिराग मौके पर पीसीआर के साथ पहुंचे. दोनों स्कूटी चोरी की शिकायत लिख रहे थे तभी वहां एक महिला ने आकर सूचना दी. केनरा बैंक वाली गली में सीनियर सिटीजन महिला ने खुद को कैद कर लिया है जो दरवाजा नही खोल पा रही और मदद के लिए घर से आवाजे आ रही है.
हवलदार सतपाल और सिपाही चिराग ने तुरंत मौके पर पहुंचे. चार मंजिला इमारत के फर्स्ट फ्लोर पर अंदर से एक सीनियर सिटीजन महिला मदद के लिए चिल्ला रही थी, अंदर से दरवाजा लॉक था जिसे खोल नही पा रही थी. यह महिला 3 घंटे से अंदर बंद थी. दोनों पीसीआर कर्मी मैन गेट के लॉक खोलने की कोशिश की मगर लॉक नही खुला. दोनों ने एक सीढ़ी का इंतजाम किया और उसके सहारे फर्स्ट फ्लोर की बालकनी पर पहुंचे. बालकनी के दरवाजे को मशक्कत करके खोल दिया.
से कमरे में एक बुजुर्ग महिला बदहवास हालत में रोती हुई मिली. महिला का नाम जयश्री नाम उम्र तकरीबन 67 वर्ष बताई गई. महिला ने बताया की वह अकेली रहती है, इनके परिवार के सदस्य विदेश में रहते हैं । महिला की मानसिक स्थिति भी ठीक नहीं है. पीसीआर कर्मियों ने उन्हें पानी पिला कर नॉर्मल किया और स्थानीय पुलिस स्टेशन में इतला लिखवा दी.
दिल्ली पुलिस की पीसीआर जेबरा -35 अल्फा ने माकूल त्वरित कार्यवाही करके बुजुर्ग महिला को फायर ब्रिगेड की मदद आने से पहले सुरक्षित बचा लिया. अन्यथा अकेली बुजुर्ग महिला के साथ कोई अनहोनी घटना घट सकती थी. इस बेहतरीन कार्य के लिए यह पीसीआर का स्टाफ सम्मान का हकदार है.