in , ,

9 SEP : रोहिणी में दिल्ली पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़: प्रमोद बिल्डर हत्याकांड के आरोपी हाफ एनकाउंटर में गिरफ्तार

SHARE With Your Friends

 

नई दिल्ली : राजधानी दिल्ली का रोहिणी इलाका गोलियों की तड़तड़ाहट से थर्रा उठा। दिल्ली पुलिस की स्पेशल स्टाफ टीम और शातिर बदमाशों के बीच हुई हिंसक मुठभेड़ (हाफ एनकाउंटर) के बाद पुलिस ने तीन खतरनाक अपराधियों को धर दबोचा। पकड़े गए तीनों आरोपी बीते दिनों दिल्ली के नांगलोई क्षेत्र में हुए चर्चित प्रमोद बिल्डर हत्याकांड में शामिल थे। घटना की सूचना मिलते ही रोहिणी जिले के आला अधिकारियों समेत भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गया।

एनकाउंटर का पूरा घटनाक्रम 

रोहिणी जिले की स्पेशल स्टाफ पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि प्रमोद बिल्डर हत्याकांड से जुड़े कुछ इनामी बदमाश रोहिणी इलाके में किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने या शहर से भागने की फिराक में घूम रहे हैं। इस सूचना के आधार पर स्पेशल स्टाफ की टीम ने इलाके में घेराबंदी कर जाल बिछाया।

जब पुलिस टीम ने संदिग्धों को रुकने का इशारा किया, तो बदमाशों ने खुद को घिरता देख पुलिस टीम पर सीधा फायर झोंक दिया। पुलिस अधिकारियों ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से हुई कई राउंड फायरिंग के दौरान तीनों बदमाशों के पैरों में गोली लगी, जिसके बाद वे वहीं ढेर हो गए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीनों को हिरासत में लिया और इलाज के लिए पास के अस्पताल में भर्ती कराया।

नांगलोई प्रमोद बिल्डर हत्याकांड का मामला

यह पूरी कार्रवाई नांगलोई इलाके में घटित प्रमोद बिल्डर हत्याकांड से जुड़ी हुई है। बीते दिनों दिनदहाड़े बदमाशों ने बिल्डर प्रमोद की गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी थी। इस वारदात के बाद से ही क्षेत्र में दहशत का माहौल था और पुलिस पर आरोपियों को जल्द से जल्द पकड़ने का भारी दबाव था। पुलिस की कई टीमें सीसीटीवी फुटेज और टेक्निकल सर्विलांस के जरिए आरोपियों की तलाश में जुटी थीं।

रोहिणी जिला डीसीपी शशांक जायसवाल का बयान

मामले की जानकारी देते हुए रोहिणी जिले के डीसीपी शशांक जायसवाल ने बताया कि”हमारी स्पेशल स्टाफ टीम को प्रमोद बिल्डर हत्याकांड के मुख्य आरोपियों के रोहिणी क्षेत्र में होने की सटीक इनपुट मिली थी। टीम ने जब उन्हें सरेंडर करने को कहा, तो उन्होंने पुलिस पर गोलियां चला दीं। आत्मरक्षा में पुलिस टीम को भी फायरिंग करनी पड़ी, जिसमें तीनों आरोपी घायल हुए हैं। तीनों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहाँ उनकी हालत स्थिर है। इनके पास से अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई और मामले की गहन तफ्तीश में जुटी है।”

फिलहाल पुलिस गिरफ्तार बदमाशों का आपराधिक इतिहास खंगाल रही है और इस बात की जांच कर रही है कि इस हत्याकांड में कोई और भी शामिल था या नहीं ।

SHARE With Your Friends

6 SEP : टाटा मोटर्स में नौकरी के नाम पर फर्जीवाड़ा: दिल्ली पुलिस ने फर्जी कॉल सेंटर का किया भंडाफोड़, मास्टरमाइंड समेत 5 गिरफ्तार