
नई दिल्ली : देहरादून : उत्तराखंड में प्राकृतिक आपदा का कहर बरपा है. लैंड स्लाइडिंग में 10 पर्वतारोहियों की मौत की खबर आ रही है, 11 अन्य की तलाश जारी है. उतरखंड राज्य के द्रौपदी का डंडा-2 पर्वत चोटी पर हिमस्खलन के कारण यह हादसा हुआ है.
यह दल नेहरू पर्वतारोहण संस्थान का था जिसमे दो दर्जन से अधिक प्रशिक्षुओं शामिल थे. अब इनमें से 11 के फंसे होने की सूचना आ रही है. उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ट्वीट कर बताया है कि ‘हिमस्खलन में फंसे पर्वतारोही प्रशिक्षार्थियों को बचाने के लिए जिला प्रशासन, NDRF, SDRF, सेना और ITBP के जवानों द्वारा तेजी से राहत और बचाव कार्य चलाया जा रहा है. भारतीय वायु सेना ने राहत और बचाव कार्य के लिए दो चीता हेलीकॉप्टर भेजे हैं.’
पर्वतारोहण करने आए 28 प्रशिक्षुओं में से 8 प्रशिक्षुओं को सुरक्षित बचा लिया गया है. और बाकियों की खोज और बचाव के लिए वायुसेना के हेलीकॉप्टर तैनात किया गया है. राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से सेना की मदद मांगी है.
यह घटना सुबह 9 बजे की है जब लैंड स्लाइडिंग हुई. सूचना मिलते ही SDRF की टीम देहरादून से रवाना कर दी गई थी. इस हादसे पर केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने संवेदना भरा ट्वीट लिखा राजनाथ सिंह ने एक ट्वीट में कहा, “उत्तरकाशी में नेहरू पर्वतारोहण संस्थान द्वारा किए गए पर्वतारोहण अभियान में भूस्खलन के कारण कीमती जान गंवाने की दुखद सूचना से से गहरा दुख हुआ है. शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी संवेदना है, जिन्होंने अपने प्रियजनों को खो दिया है.”

