
नई दिल्ली: भारतीय संगीत के मशहूर गजल गायक पंकज उधास (#Pankaj Udhad) का आज निधन हो गया है. उनका निधन 72 साल की उम्र में हुआ. गजल गायिकी के लिए एक अद्वितीय कलाकार के रूप में योगदान था। उनकी बेटी ने सोशल मीडिया पर यह दुखद जानकारी साझा की.बी
बीमारी का सामना
पंकज उधास (#Pankaj Udhad)लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उन्हें कैंसर जैसी लाइलाज बीमारी का सामना करना पड़ा. उन्होंने माया नगरी मुंबई के अस्पताल में उपचार चल रहा था. उनका निधन 26 फरवरी को हो गया.
संगीत में अद्वितीय योगदान
पंकज उधास ने भारतीय संगीत को नए आयाम दिए। उनकी गायकी ने लाखों दिलों को छू लिया. उनके गीत जैसे ‘चिट्ठी आई है’, ‘जिन्हें कभी भी नहीं भुलाया जा सकेगा . हुई महंगी बहुत ही शराब के थोड़ी थोड़ी पिया करो…आदि गजल गीत सदैव याद रहेंगे. उनके द्वारा नाम फिल्म में गाया गीत चिट्ठी आई है आई है चिट्ठी आई है … आज भी वतन से दूर रहने वालों को भावुक कर देता है ।
श्रद्धांजलि
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर शोक व्यक्त किया. उन्होंने उनके संगीतीय योगदान की सराहना की और उनके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की.
पद्मश्री से सम्मानित
पंकज उधास को संगीत क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए पद्मश्री से सम्मानित किया गया था. उन्हें 2006 में यह पुरस्कार प्रदान किया गया था.
संगीत के परिवार में
पंकज उधास का जन्म गुजरात के सर्वकुंड में हुआ था. उनका परिवार संगीत के माहौल में बड़ा ही रहा है. उनके भाई भी संगीत क्षेत्र में अपनी पहचान बनाई थीं.
अंतिम विदाई
उनकी गायकी और उनके गीत सदैव उनके चाहने वालों के दिलों में जीवित रहेंगे. पंकज उधास के निधन से संगीत जगत में एक अद्वितीय कलाकार की कमी महसूस होगी.


