
नई दिल्ली 6 अक्टूबर: महिला सुरक्षा के क्षेत्र में तकनीक का प्रयोग एक बड़ी सफलता लेकर आया है। सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट के स्पेशल स्टाफ ने ‘Say Help’ ऐप के जरिए मिली तुरंत सूचना पर कार्रवाई करते हुए पहाड़गंज इलाके में संचालित एक अवैध मानव तस्करी और अनैतिक गतिविधियों में लिप्त स्पा का भंडाफोड़ किया। इस ऑपरेशन में 6 महिलाओं को मुक्त कराया गया और स्पा परिसर को सील कर दिया गया।
31 अक्टूबर 2025 की रात ‘Say Help’ ऐप पर पहाड़गंज क्षेत्र से एक संदिग्ध गतिविधियों का अलर्ट प्राप्त हुआ। सूचना की पुष्टि के लिए स्पेशल स्टाफ और ‘Say Help’ टीम ने तकनीकी निगरानी व जमीनी खुफिया जुटाना शुरू किया। जांच के दौरान पता चला कि गैलेक्सी स्पा, दूसरी मंजिल, 4/1, टुडे होटल के पास, DBG रोड, नबी करीम, दिल्ली में अनैतिक मानव तस्करी की गतिविधियां संचालित हो रही हैं।
पुलिस ने 2000 रुपए के साथ नकली ग्राहक के रूप में भेजा और व्हाट्सऐप मिस्ड कॉल से संकेत बताने का निर्देश दिया। शाम 7 बजकर 25 मिनट पर अवैध गतिविधियों की पुष्टि होने पर रेडिंग टीम ने मौके पर पहुंचकर छापा मारा। वहां छह महिलाएं और एक महिला रिसेप्शनिस्ट मिलीं। तलाशी में रंग लगे 2000 रुपए नकद और तीन पैकेट सीलबंद कंडोम बरामद हुए।
रिसेप्शनिस्ट, जिसकी पहचान महिला “K” (उम्र 36 वर्ष, निवासी पहाड़गंज, दिल्ली) के रूप में हुई, ने स्वीकार किया कि वह अपने पति के साथ मिलकर यह अवैध नेटवर्क चला रही थी।
थाना नबी करीम, सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट में FIR संख्या अनैतिक तस्करी निवारण अधिनियम, 1956 के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
मुक्त कराई गई महिलाएं:
• महिला “A” (25 वर्ष), निवासी परगना, पश्चिम बंगाल
• महिला “B” (25 वर्ष), निवासी ग्रेटर कैलाश-II, दिल्ली
• महिला “H” (31 वर्ष), निवासी उत्तम नगर, दिल्ली
• महिला “AY” (34 वर्ष), निवासी सरायकेला खरसावां, झारखंड
• महिला “T” (21 वर्ष), निवासी गुप्तिपाड़ा, हुगली, पश्चिम बंगाल
• महिला “OI” (30 वर्ष), निवासी मेरठ, उत्तर प्रदेश
‘Say Help’ ऐप के बारे में:
‘Say Help’ एक ग्लोबल वॉइस-एक्टिवेटेड इमरजेंसी ऐप है जो एंड्रॉइड और iOS पर उपलब्ध है। इसमें उपयोगकर्ता 5 तक कस्टम वॉइस फ्रेज़ या एक पुश बटन से अलर्ट भेज सकते हैं। यह तुरंत रियल-टाइम वीडियो, ऑडियो और GPS लोकेशन SMS/WhatsApp के जरिए पुलिस और संपर्कों को पहुंचाता है, साथ ही लाइव मॉनिटरिंग और मैप ट्रैकिंग की सुविधा देता है। ऐप में हेल्थ चेक-इन और रेस्पॉन्डर डैशबोर्ड भी है। ‘Say Help’ एनजीओ और सरकारी एजेंसियों के साथ मिलकर यौन उत्पीड़न हिंसा और तस्करी रोकने में मदद करता है, खासकर रेड लाइट जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में।


