सेन्ट्रल दिल्ली : कमला मार्किट थाना इलाके में एक 5 फरवरी को बोरे में बंद अज्ञात लाश के राज का खुलासा हुआ है। कमला मार्किट सिविक सेंटर गोल चककर के पास पुलिस को रात 2 :47 के वक्त प्लास्टिक के बोरे में लाश मिली जो सड़ी गली हुई लाश मिली थी। आस पास बदबू के कारण किसी ने कॉल कर दी थी। लाश की हालत इतनी खराब थी की उसकी पहचान कर पाना मुश्किल था। मेडिकल जांच से पता चला की इसकी गला घोट कर हत्या की गई थी।
पुलिस ने मृतक की पहचान के लिए आस पास के जिलों को इतला भेजी और पोस्टर और पर्चे भी लगाए गए। काफी मशक्क्त के बाद मृतक की पहचान सामने आई। मृतक की पहचान पूदन लाल के नाम से हुई यह यूपी बस्ती कर यहां रिक्शा चलाने का काम करता था । इसके बेटे द्वारा इसके शव की पहचान करवाई गई।
मृतक पूदन लाल
मध्य जिला उपायुक्त ने दो अलग अलग टीमों को जांच की जिम्मेदारी सौंपी। एसीपी ऑपरेशन ओमप्रकाश लेखवाल की देखरेख में स्पेशल स्टाफ इंस्पेक्टर ललित कुमार, सब इंस्पेक्टर प्रदीप, एएसआई योगेंदर, बलजीत, हवलदार योगेंदर गिरी, आदेश, राकेश सिपाही अमित, तरुण, अनिल, पंकज, संदीप दूसरी टीम का संचालन कमला मार्किट एसीपी कुमार अभिषेक जिसमें थाना इंचार्ज लेखराज सिंह, इंस्पेक्टर जगदीप मलिक को सौंपा गया सब इंस्पेक्टर गिरिराज, हवलदार अनिल, नरेश, सिपाही प्रदीप, मनोज, रतन लाल महिला सिपाही पूजा की टीम बनाई गई।
जांच में लगी टीमों को जानकारी मिली की पूदन लाल आसफअली रोड पर बने पुलिस भवन के सामने सोने आता था। पुलिस ने वहाँ से लेकर लाश मिलने के ठिकाने तक लगे सीसीटीवी कैमरों से फुटेज निकलवा कर जांच की। सिपाही अमित को एक सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से सुराग मिला जिमसे दो लड़के बैटरी रिक्शा में प्लास्टिक का बैग गिराते हुए नज़र आ रहे हैं।
आरोपी मुस्ताक उर्फ़ होशियार सिंह
पुलिस ने आस पास इलाके में चलने वाले हज़ारों बैटरी रिक्शा को जांचा उनमें से एक उस बैटरी रिक्शा का पता चल गया जिसे होशियार सिंह उर्फ़ मुस्ताक चलाता था। पुलिस टीम ने इलाहाबाद में छापा मार कर मुशताक को पकड़ लिया। मुस्ताक उर्फ़ होशियार सिंह की गिरफ्तारी के बाद दीपक नाम के आरोपी को सुलभ शौचालय से गिरफ्तार किया गया इसके बाद इस हत्या का मुख्य आरोपी एजाज दिल्ली के रामलीला मैदान से गिरफ्तार कर लियाहत्या का मुख्य आरोपी एजाज
गया।
पुलिस की पूछताछ के बाद ऐजाज ने हत्या की बात कबूलते हुए बताया की वह बतौर सुलभ शौचालय का कार्यवाहक है। पूदन लाल से उसने अपने जमा 20 हज़ार रूपये मांगे थे क्योंकि उसे अपनी पत्नी के इलाज के लिए रुपयों की सख्त जरूरत थी। पैसों को लेकर झगड़ा बढ़ता चला गया, पूदनलाल गाली गलौच करने लगा। ऐजाज ने पूदन लाल के पीछे मुड़ते ही उसके गले में रस्सी डाली और गला घोट कर उसकी हत्या दी। हत्या के बाद उसका शव शौचालय में ही छुपा दिया।
आरोपी दीपक
4 फरवरी को दीपक शौचालय में सफाई के लिया आया तो उसे बदबू आई उसने एजाज को सूचना दी। ऐजाज ने दीपक को बता दिया कि उसने पूदन लाल की 3-4 दिन पहले हत्या करके उसका शव शौचालय में छुपा कर ताला लगा दिया था । एजाज ने दीपक को धमकी दी शव ठिकाने लगाने में उसकी मदद करे वरना हत्या के झूठे मामले में फंसवा देगा। दीपक लगा एजाज उसे हत्या में फंसा देगा इसी डर के कारण एजाज की बात माननी पड़ी और मदद करने के लिए तैयार हो गया। दोनों ने मिलकर शव को कंबल में लपेटा और प्लास्टिक के बैग में डाल दिया। इसके बाद एजाज ने मुस्ताक उर्फ़ होशियार सिंह से सम्पर्क किया। उसकी बैटरी रिक्शा में पूदन लाल की लाश को लाद कर रात लगभग 10 :15 बजे कमला मार्किट गोल चक्कर के पास फैक दिया।
इस हत्या की गुत्थी सुलझाने में पुलिस को एक महीने से ऊपर का वक्त लगा और पुलिस को हत्या के आरोपी तक पहुँचने के लिए हज़ारों बैटरी रिक्शा को सीसीटीवी में दिखाई देने वाले बैटरी रिक्शा से मिलान करना पड़ा। पुलिस को अपनी मेहनत का नतीजा भी मिला जो उसने इस हत्या के आरोपियों को ढूंढ निकाला।