
नई दिल्ली : देश में Forex कार्ड से लाखों की रकम ठगी का पहला मामला नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट की स्पेशल स्टाफ ने 5 महीने की मशक्कत के बाद खुलासा किया है.
Forex कार्ड की मदद से किसी भी देश में जाने वाले लोगों को उसी देश की करेंसी आसानी से मिल जाती है. इसके लिए पहले कार्ड में पैसा जमा करवा लेते थे. यूरोप, एशिया, अरब आदि देशों में Forex कार्ड से उसी देश की करेंसी निकाल सकते हैं. Forex कार्ड का चलन नकद राशि के झंझट से बचने के लिए शुरू हुआ था.
सिविल लाइन में रहने वाली एक महिला जो विदेश गई हुई थी. उसने विदेश जाने से पहले भारत में 11 लाख रुपए Forex कार्ड में डलवाए थे. जब महिला अपने Forex कार्ड से करेंसी निकालने गई तो उसे वहां जीरो बैलेंस मिला. उनके खाते से 11 लाख रुपए उड़ा लिए गए थे. महिला ने भारत आकर इसकी शिकायत नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट सिविल लाइन थाने में दर्ज करवाई.
जिला उपायुक्त ने केस की जांच नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट की स्पेशल स्टाफ को सौंपी दी. ऑपरेशन सेल के एसीपी धर्मेंद्र कुमार की देखरेख में सब इंस्पेक्टर रोहित संड, एएसआई हरफूल, एएसआई जगओम, हवलदार अमित, हवलदार देवेंद्र, हवलदार श्रीपाल, हवलदार राकेश और हवलदार भारत को स्पेशल स्टाफ की टीम ने 5 महीने की मशक्कत के बाद पारस और सोनल नाम के दो युवक पुलिस की रडार पर ले लिया. पुलिस ने टेक्निकल सर्वलाांस से इन दोनों की जानकारी जुटाना शुरू कर दी.

पुलिस 5 महीने से सोनल का हांगकांग से भारत आने का इंतजार कर रहे थे. पुलिस ने जब LOC खुलवाई तो जानकारी मिली सोनल 2 घंटे पहले भारत में उतरा है. सोनल को पुलिस ने दिल्ली के पश्चिम विहार से गिरफ्तार किया और पारस को नॉर्थ ईस्ट दिल्ली के ब्रह्मपुरी से पकड़ा.


सोनल (सफेद टी शर्ट), पारस ( लाल टी शर्ट)
नॉर्थ डिस्ट्रिक्ट के डीसीपी सागर सिंह कलसी ने बताया. पारस पहले ICICI बैंक में काम किया करता था. जिन कस्टमर के FOREX CARD ICICI बैंक के माध्यम से इश्यू हुए उनके डाटा को चुरा हांगकांग में बैठे सोनल को भेज दिया. सोनल ने डमी कार्ड बना कर कस्टमर केयर में सारी डिटेल बदलवा कर अलग अलग forex card से तकरीबन 64 लाख रुपए निकाल लिए.


